टोंक में 55.45 फीसदी गणना प्रपत्र डिजिटाइज हो गए है।
टोंक में मतदाता सूचियों का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण अभियान (एसआईआर) किया जा रहा है। इसके तहत सभी मतदाताओं के वार्ड वाइज बीएलओ घर-घर जाकर गणना प्रपत्र वितरित कर रहे है। साथ ही गणना प्रपत्र के मतदाता द्वारा भरने के बाद डिजिटाइजेशन करने का कार्य भी तेज
.
फिलहाल जिले में 55.45 फीसदी गणना प्रपत्र हुए डिजिटाइज हो चुके है। उनमें सबसे ज्यादा एईआरओ पीपलू ने 67.27 फीसदी डिजिटाइजेशन किए है। 4 दिसंबर तक ये प्रपत्र भरे जाएंगे। PRO अपूर्व शर्मा ने बताया कि कलेक्टर कल्पना अग्रवाल के निर्देश पर सभी इआरओ व एइआरओ और इस कार्य से जुड़े अधिकारी निरंतर इसकी मॉनिटरिंग कर रहे है।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी रामरतन सौंकरिया ने बताया कि जिला निर्वाचन अधिकारी कल्पना अग्रवाल के मार्गदर्शन में लगातार मतदाताओं के गणना प्रपत्र भरने का कार्य किया जा रहा है। शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में टीमें लगातार कार्य कर रही है। जिन बीएलओ का काम बेहद सराहनीय रहा, उन्हें सम्मानित किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि शुक्रवार शाम 4ः30 बजे तक जिले के 11 लाख 50 हजार 945 मतदाताओं मे से 6 लाख 38 हजार 255 मतदाताओं के गणना प्रपत्र डिजिटाइज किये जा चुके थे। जो कि 55.45 फीसदी है। इसमें प्रथम पायदान पर रहे विधानसभा क्षेत्र मालपुरा में 58 फीसदी, विधानसभा क्षेत्र निवाई में 57.52 फीसदी, विधानसभा क्षेत्र देवली-उनियारा में 55.86 फीसदी एवं टोंक विधानसभा क्षेत्र 50.02 फीसदी गणना प्रपत्र डिजिटाइज किये जा चुके है। इस कार्य में एईआरओ पीपलू, तहसीलदार मालपुरा, तहसीलदार दूनी का कार्य सराहनीय रहा है।



